Haryana Cabinet: हरियाणा कैबिनेट ने पलवल शहर के शहरी विकास से जुड़े एक महत्वपूर्ण प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की है। कैबिनेट बैठक में राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के उस प्रस्ताव को स्वीकृति दी गई, जिसके अंतर्गत राज्य सरकार की भूमि को पलवल नगर परिषद को हस्तांतरित किया जाएगा। इस भूमि पर पार्किंग स्थल के साथ-साथ कार्यालय-सह-व्यावसायिक परिसर का निर्माण किया जाएगा।
प्रस्ताव के अनुसार, यह भूमि एसडीएम आवास के समीप स्थित है और इसका कुल क्षेत्रफल 9,944 वर्ग गज है। भूमि का हस्तांतरण प्रचलित कलेक्टर दरों पर किया जाएगा। वित्त वर्ष 2024-25 के लिए निर्धारित कलेक्टर दर 11,550 रुपये प्रति वर्ग गज है। इस आधार पर कुल भूमि मूल्य 11 करोड़ 48 लाख 53 हजार 200 रुपये तय किया गया है। यह प्रक्रिया राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा 19 जनवरी 2021 को जारी की गई नीति के अंतर्गत पूरी की जाएगी।
इस निर्णय से पलवल शहर में लंबे समय से बनी पार्किंग समस्या के समाधान की उम्मीद जगी है। विशेष रूप से व्यस्त बाजार क्षेत्रों और प्रमुख सड़कों पर वाहनों की अव्यवस्थित पार्किंग के कारण ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी रहती थी। प्रस्तावित पार्किंग स्थल के निर्माण से यातायात व्यवस्था में सुधार होगा और आम नागरिकों को राहत मिलेगी।
इसके अलावा, नगर परिषद को अपना नया प्रशासनिक कार्यालय भी प्राप्त होगा। आधुनिक सुविधाओं से युक्त इस कार्यालय से नगर परिषद के कार्यों में दक्षता आएगी और नागरिक सेवाएं अधिक सुचारू रूप से उपलब्ध कराई जा सकेंगी। व्यावसायिक परिसर में दुकानों और कार्यालयों के निर्माण से नगर परिषद को किराए के रूप में अतिरिक्त आय भी प्राप्त होगी, जिससे भविष्य में शहर के विकास कार्यों को गति मिलेगी।
कुल मिलाकर, हरियाणा कैबिनेट का यह फैसला पलवल शहर के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और शहरी सुविधाओं में सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
🔹 मुख्य बिंदु
- यह भूमि प्रचलित कलेक्टर दरों पर दी जाएगी।
- वर्ष 2024-25 की कलेक्टर दर: ₹11,550 प्रति वर्ग गज
- कुल भूमि: 9,944 वर्ग गज (एसडीएम आवास के निकट)
- कुल मूल्य: ₹11,48,53,200
- यह ट्रांसफर 19 जनवरी 2021 को जारी पॉलिसी के तहत किया जाएगा।
🏙️ पलवल शहर को क्या फायदा?
- पार्किंग समस्या में राहत: खासकर व्यस्त बाजार और मुख्य इलाकों में
- नगर परिषद को नया कार्यालय: आधुनिक प्रशासनिक ढांचा
- अतिरिक्त राजस्व: दुकानों और ऑफिस स्पेस के किराए से
- बेहतर नागरिक सेवाएं: प्रशासन ज्यादा सुलभ और प्रभावी होगा
📌 क्यों अहम है यह निर्णय?
यह फैसला शहरी प्रबंधन, ट्रैफिक कंट्रोल और नगर परिषद की वित्तीय मजबूती—तीनों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। खासकर पलवल जैसे तेजी से बढ़ते शहर के लिए यह एक लॉन्ग-टर्म इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश है।