Kurukshetra News: समाधान शिविर में प्राप्त शिकायतों को गंभीरता से नहीं लेने पर तीन अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किए जाएंगे। उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने शुक्रवार को लघु सचिवालय के सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान स्पष्ट निर्देश दिए कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने कहा कि समाधान शिविर की शिकायतों की समीक्षा स्वयं मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी कर रहे हैं, ऐसे में अधिकारियों को पूरी गंभीरता के साथ कार्रवाई करनी होगी। बावजूद इसके जिले के तीन अधिकारियों ने मामलों को प्राथमिकता नहीं दी। रिपोर्ट के आधार पर बीडीपीओ थानेसर, हाउसिंग बोर्ड के अधिकारी और शाहाबाद नगर पालिका के सचिव को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए हैं।
इससे पहले चंडीगढ़ से वरिष्ठ आईएएस अधिकारी पी. अवनीत कुमार ने जिला अनुसार समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि प्रत्येक उपायुक्त कम से कम एक शिकायत के संबंध में स्वयं फील्ड विजिट करेंगे। साथ ही बुढ़ापा पेंशन और विधवा पेंशन से संबंधित मामलों का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए।
उपायुक्त ने बताया कि जिले में अब तक 7526 शिकायतें प्राप्त हुई हैं। इनमें से 5040 का समाधान किया जा चुका है, 2036 शिकायतें दस्तावेजी कमियों के कारण रद्द हुई हैं, जबकि 169 मामले लंबित हैं। लंबित शिकायतों के शीघ्र निस्तारण के आदेश दिए गए हैं।
उपायुक्त ने दोहराया कि समस्याओं के समाधान में कोताही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
